ना मेरा दिल बुरा था

ना मेरा दिल बुरा था ना उसमे कोई बुराई थी,
 सब मुक़द्दर का खेल है बस किस्मत में जुदाई थी.

दोस्तों कहते है ,मोहब्बत दुनिया की सबसे हसीन चीज होती है ,दोस्तों एक चीज और कहते है ,मोहब्बत का मिठाई खाओ तो पछताओ ना खाओ तो पछताओ,अब ये तो नही है दोस्तों की किसी को हम सच्ची मोहब्बत कोई बिजनेस डिल की तरह करे ,ये तो प्यार है ना दोस्तों ,ना दिल की सुनता है ना दिमाक का ,जिससे होना होता है हो हि जाता है ,और एक सच्चा आशिक का दिल ,सिर्फ अपने मोहब्बत का ख़ुशी चाहता है चाहे जैसे ,भी उसकी ख़ुशी जादा वही रखता है ,उसके दिल में कोई खोट कोई पाप नहीं होता है जो भी करता है ,वो अपने प्यार के लिए करता है.

चाहे वो सही गलत या गलत सब अपने प्यार लिए सही हि लगता है ,इसी तरह मैंने भी एक लड़की से प्यार किया था दिलो जान से ,बिना मतलब के जवानी में नहीं बचपन से ना जाने कितना चाहता था ,हर वक्त ख़ुशी खयालो में डूबा रहता था ,स्कूल में मै पड़ने भी इसी लिए जाता था ,की उसे देख सकू हर वक्त उसकी हि ख़ुशी चाहता था ,उसकी ख़ुशी के लिये कुछ भी कर सकता था ,वो भी मुझे बहोत चाहती थी ,हमेशा मेरे लिए हि जीती थी ,मै उससे प्यार करता ,मगर मेरे दिल में उसके लिये कोई खोट कोई पाप नहीं था ,पर मै उसे दुःख देना नहीं चाहता था .

जब वो जवान हो गयी तो उसके घर वाले उसकी शादी करने के लिए लड़के देखने लगे ,ऐसा नहीं है की उसने मुझसे शादी करने से मना कर दिया ,वो मुझे बहोत चाहती थी ,मेरे एक इशारे में अपनी जान भी दे सकती है ,मगर मै हमेशा अपने प्यार की ख़ुशी चाहता था ,मै एक छोटी सी भी दर्द आशुं नहीं देखना चाहता था ,मै चाहता तो उसे भगा कर ले जा सकता और वो चली भी जाती ,लेकिन उसकी कितनी बदनामी होती ,जिन्दगी भर सर उठा कर चल नह्ही सकती ,क्युकी मै उस टाइम गौव में रहता था और ,और गोव में बहोत बड़ी बात होती थी की कोई लड़की किसी लड़की से प्यार करे ,तो पूरा गाँव उसे गलत नजर से देखता था.

और नहीं चाहता था की ,मेरा प्यार सर झुका कर चले ,लोग उससे ताने मरे ,और एक प्रोबलें थी की उसके घर वाले उसे जीते जी मर देते ,उस समय मै और मेरा परिवार बहोत गरीब था ,अगर ले भी जाता तो कहा रखता ,काया खीलाता ,उसकी जरुरतो को पूरा नहीं कर पता ,और इसलिये अपने दिल में पत्थर रख कर खून की आशुं पी गया ,और उसकी शादी कही और जगह हो गयी आअज वो बहोत खुश है ,इसी ख़ुशी के लिये मैंने सब कुछ किया ,उसके जिन्दगी बसने के बाद उसके जिन्दगी में कभी नहीं गया आज वो बहोत खुश है ,इसलिये दोस्तों सिर्फ अपनी मतलब के लिए मोहब्बत नहीं करनी चाहिए ,कभी कभी मुकद्दर भी साथ नहीं देती