कभी कभी किसी अपने की

कभी कभी किसी अपने की इतनी याद आती हैं,
कि रोने के लिए रात भी कम पड़ जाती हैं.

दोस्तों मोहब्बत और प्यार की रिस्तो से हम ऐसे बन्दे है ,की इन रिस्तो के बिना हम रह हि नहीं सकते ,इन्हें रिस्तो के नाते हम एक दुसरे से बन्दे रहते है ,लेकिन जब हमें किसी से प्यार हो जाता है ,तो ये रिश्ता ना जाने किस तरह के प्यार में बाँध देते है ना ,तो एक दुसरे के बिना रह नहीं सकते है ,जब कोई कुछ पल ले लिए अलग हो जाते तो एक दुसरे के यादों में रोते है ,ये मोहब्बत की तड़प अजीब होती है ,एक पल की जुदाई सह नहीं जाता ,उसकी छोटी नटखट बाते याद आ कर ,हमें सताती रहती है ,और हमें रुलाती रहती है ,जब दो दोनों साथ में रहते है ,ना तो छोटी छोटी में झगडा करते रहेगे लेकिन मोहब्बत की तड़प अजीब होते है .