औरों से तो उम्मीद का रिश्ता भी नहीं था

auro se ummid ka rishta bhi nahi tha

औरों से तो उम्मीद का रिश्ता भी नहीं था,
बिना बताये उसने ना जाने क्यों ये दूरी कर दी,
बिछड़ के उसने मोहब्बत ही अधूरी कर दी,
मेरे मुक्कदर में गम आये तो क्या हुआ,
खुदा ने उसकी ख्वाहीश तो पूरी कर दी.

Trending Shayari

#Love Shayari

आँखों मे ख्वाब दिया करते हैं, हम सबकी नींद चुरा लिया करते हैं, अब से जब-जब आपकी पलकें झुकेंगी, समझ लेना हम अपको याद किया करते हैं।

#Sad Shayari

सदीयो से जागी आँखो को, एक बार सुलाने आ जाओ, माना की तुमको प्यार नहीं, नफरत ही जताने आ जाओ जिस मोड पे हमको छोङ गये, हम बैठे अब तक सोच रहे क्या भुल हुई क्यों जुदा हुए, बस यह समझाने आ जाओ!

#Narazgi Shayari

ऐसी नाराजगी हमसे की हम मना ना सके, बस गयी मेरे दिल मे वैसी वो, की हम भुला ना सके, बस दर्द है, तो इस बात की, कितनी मोहब्बत थी इस दिल मे, हम बता ना सके।

More Posts